तीन घोड़िया एक घुड़सवार compleet

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rajaarkey
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Re: तीन घोड़िया एक घुड़सवार

Unread post by rajaarkey » 03 Nov 2014 01:31

गीता जैसे ही अजय के रूम के पास जाती है उसके कमरे मे किसी को ना पाकर सोच मे पड़ जाती है आख़िर अजय गया कहा तभी उसे रश्मि के रूम की लाइट जलती दिखाई पड़ती है वह धीरे से रश्मि के रूम के पास जाती है, तभी उसे अंदर से कुछ सिसकारियो की आवाज़ सुनाई देती है, जब वह अंदर का नज़ारा देखती है तो उसके होश उड़ जाते है और उसका मूह खुला का खुला रह जाता है. अंदर का नज़ारा देख कर तो उसके हाथ पाँव सुन्न पड़ जाते है, अंदर रश्मि अपनी भाभी की गोद मे पूरी नंगी होकर चढ़ि हुई थी और अपनी नंगी भाभी से चिपकी है और अजय उन दोनो के पास नंगा खड़ा है और रश्मि और आरती दोनो एक साथ अजय का मोटा लंड चूस रही है, गीता यह सब देख कर सिहर उठती है और चुपचाप अपनी साँसे थामे अंदर का नज़ारा देखने लगती है, उधर रश्मि और आरती अजय का लंड चूस चूस कर लाल कर देती है तभी अजय दोनो मस्तानी नंगी घोड़ियो को उठाता है और बेड पर आकर अजय लेट जाता है और अपनी भाभी को अपने उपर चढ़ा कर उसका मूह अपने पैरो की ओर करके उसकी चूत अपने मूह पर रख लेता है, आरती अपने पैरो के बल बैठ कर अजय के मूह की ओर अपनी गंद कर देती है और अजय अपनी भाभी की गंद और चूत को चाटने लगता है, इधर रश्मि अपने भाई के पेट के आस पास अपनी दोनो टाँगे कर के अपनी गंद आरती की ओर करके झुक जाती है और अजय का मोटा लंड झुक कर चूसने लगती है, उसकी उठी हुई गंद देख कर आरती थोड़ा झुक कर रश्मि की गंद और चूत पीछे से चाटने लग जाती है, अजय पड़ा पड़ा अपनी भाभी की गंद और चूत चाटता है आरती अपनी ननद की उठी हुई गंद और चूत चाटती है और रश्मि अपने भाई के मोटे तने हुए लंड को चुस्ती है और तीनो अपने अपने आनंद मे खो जाते है, बाहर गीता ये सब देख कर बैचन होने लगती है और अपनी साडी उठाकर अपनी दो उंगलिया अपनी चूत मे डाल कर रगड़ने लगती है,

रश्मि अपना मूह लंड से हटा कर ओह भाभी ओह भाभी ऐसे ही ऐसे ही चाट अपनी ननद की गंद और चूत को हाँ हाँ ऐसे ही चाट चाट कर पूरी लाल कर दो भाभी, आह आह आह और फिर अजय का लंड अपने मूह मे भर कर कस कस कर चूसने लग जाती है, उधर आरती सीसियते हुए ओह देवेर राजा ऐसे ही चूसो अपनी भाभी की चूत ओह ओह शाबाश पूरा रस चूस लो मेरे राजा अपनी भाभी की चूत का आह आह आह,

यह सब बाते सुन कर गीता अपने ही हाथो से अपनी चुचि और चूत को जोरो से कुचलने लगती है, और तेज तेज सिसकिया लेने लगती है, लगभग 10 मिनिट तक तीनो एक दूसरे के लंड और चूत को चाट चाट कर लाल कर देते है और तीनो अपना अपना रस एक दूसरे के मूह मे छोड़ देते है, गीता रश्मि को अपने भाई का गाढ़ा रस पीते देखती है तो उसके मूह मई पानी आ जाता है और वह अपने बêते के लॅंड का रस पीने के लिए तड़पने लगती है, जब तीनो एक दूसरे की चूत और लंड का एक एक क़तरा चाट जाते है तो रश्मि और आरती अजय के आस पास उससे चिपक कर दोनो अपनी अपनी मोटी मोटी जंघे अजय के उपर चढ़ा कर उसे दबोच लेती है,

अजय दोनो नंगी मस्तानी घोड़ियो की गंद सहलाते हुए कभी अपनी भाभी के गाल और होंठ चूमता है कभी अपनी दीदी के होंठ और गालो को चूमता है जिससे आरती और रश्मि दोनो को फिर से मस्ती चढ़ने लगती है और फिर तीनो एक साथ अपनी अपनी जीभ निकाल कर एक दूसरे के मूह मे देने लगती है अजय अपनी भाभी और अपनी बहन दोनो की जीभ को एक साथ अपने मूह मे भर कर चूसने लगता है, फिर दोनो अजय के लंड से फिर खेलने लगती है आरती अजय के मोटे डंडे को सहलाती है और रश्मि उसकी दोनो गोटियो से खेलने लगती है,

यह सब देख कर गीता अपनी चूत मे बहुत तेज़ी से अपनी उंगलिया चलाने लग जाती है और अजय के लंड को अपने मूह मे भरने के लिए तड़प जाती है, तभी अजय उठ कर बैठ जाता है और आरती अपनी पीठ के बल लेट जाती है और रश्मि आरती के नंगे बदन पर पेट के बल लेट जाती है और आरती और रश्मि एक दूसरे के उपर लेटे लेटे ईक दूसरे के होंठो का रस पीने लगती है और अजय दोनो के पैरो की तरफ आकर दोनो की गंद और चूत एक साथ फैला फैला कर चाटने चूसने लगता है, और फिर अजय उठ कर अपना लंड एक झटके मे आरती की चूत मे पेल देता है और अपनी दीदी की गंद और चूत मे एक एक उंगली डाल कर दोनो को चोदने लगता है,

आरती और रश्मि दोनो एक दूसरे के दूध को कस कस कर दबाने लगती है, अजय कभी लंड आरती की चूत मे डाल कर चोद्ता है कभी रश्मि की चूत मे डाल कर चोद्ता है और अपनी उंगली से उनकी गंद और चूत की भी चुदाई करता रहता है, इस तारह अजय करीब 20 मिनिट तक अपनी दीदी और भाभी की चुदाई करता है, अब अजय खुद लेट कर रश्मि को अपने मूह पर बैठा लेता है और उसकी चूत पीने लगता है और आरती को अपने लंड पर चढ़ा लेता है आरती अजय के लंड पर बैठ कर कूदने लग जाती है, उधर गीता अपने मस्ताने भोस्डे को लग रहा था कि अपने हाथो से ही फाड़ डालेगी उसकी वासना चरम पर पहुच चुकी थी वह अपनी चूत के दाने को अपनी दो उंगलियो से कस कस कर मसल मसल कर सीसीया रही थी,अभी आरती की नज़र खिड़की पर पड़ जाती है और उसे गीता नज़र आ जाती है और उसके होंठो पर एक कामयाबी वाली मुस्कान फैलजाती है, उसे उसका प्लान सफल होता नज़र आने लगता है अब वह अपनी सास को दिखाने के लिए और तेज़ी से चिल्ला चिल्ला कर अजय के लंड पर कूदने लगती है ओह अजय फाड़ दो अपनी भाभी की चूत आह आह आह मेरे राजा मज़ा आ गया कितना मोटा और मुस्त लंड है तुम्हारा कितना कसा कसा जा रहा है मेरी चूत मे आह आह,

करीब 10 मिनिट तक इसी तरह आरती चुदने के बाद हट जाती है और रश्मि आ कर अपने भाई के मोटे लंड पर बैठ जाती है और आरती अजय से चिपक कर अपनी चुचिया उसके मूह मे डाल कर चूसाने लगती है और अजय को धीरे से उसके कान के पास आकर कहती है, अजय हमारी प्लान सक्सेस हो गया मैं जो चाहती थी वह हो गया, तुम्हारी मम्मी खिड़की से हम तीनो को पागलो की तरह आँखे फाड़ फाड़ के चुदाई करते देख रही है, अजय ने खिड़की की ओर नज़र डाली तो उसे अपनी मम्मी नज़र आ गई और वह मुस्कुरा कर अपनी भाभी के रसीले होंठो को चूसने लगा,a

rajaarkey
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Re: तीन घोड़िया एक घुड़सवार

Unread post by rajaarkey » 03 Nov 2014 01:31

अब अजय का जोश अपनी मा को देख कर और बढ़ गया और उसने रश्मि को पकड़ कर बेड से नीचे उतारकर उसे बेड से झुका कर कस कस कर उसकी चूत को पीछे से ठोकने लगा, आरती रश्मि के आगे लेट कर उसके मोटे मोटे बोबे दबाने लगी और उसके होंठ चूसने लगी अजय रश्मि की चूत गंद मज़े से कस कस कर कूट रहा था और रश्मि हाय भैया हाय भैया ऐसे ही ऐसे ही चोदो अपनी दीदी को आह आह आह आह हाँ हाँ और तेज भैया और तेज भैया इसी तरह खूब कस कस कर मरो अपनी बहन की चूत, ओह ओह ओह ओह भैया फाड़ दो अपनी दीदी की चूत, अजय अपनी पूरी रफ़्तार से अपनी बहन की चूत मारने लगा पूरा कमरा उनकी चुदाई की मादक आवाज़ से गूँज उठा और जब अजय ने एक तगड़ा झटका अपनी बहन की चूत मे मारा तो उसका लंड अपनी बहन के चूत मे जड़ तक समा गया और रश्मि ढेर सारा पानी छोड़ती हुई बेड पर पेट के बल गिर पड़ी,

तभी अजय ने अपना मोटा लंड उसकी चूत से निकाला और तब तक आरती आकर बेड पर झुक कर अपनी मोटी गंद उठा चुकी थी फिर अजय ने एक तगड़े झटके के साथ अपना मोटा लंड अपनी भाभी की चूत मे उतार दिया, और हुमच हुमच के अपनी भाभी की मोटी गंद पकड़ के चूत मारने लगा, आरती और कस कस के मारो और कस कस के मारो फाड़ दो अपनी भाभी की चूत को और कस के चोदो मेरे देवेर राजा और अपनी तीन उंगलिया एक साथ रश्मि की खुली हुई बुर मे पेलने लगी इधर अजय तबीयत से अपनी भाभी की चूत की कुटाई करने लगा, आरती आह आह करने लगी और ज़ोर से और ज़ोर से ठोको देवेर जी अपनी भाभी को आह आह और अजय ने अपनी स्पीड पुरी रफ़्तार से बढ़ा दी, और एक घमासान चुदाई के बाद आरती भी झाड़ गई,

फिर दोनो ननद भाभी ने नीचे बैठ कर अजय के लंड को एक साथ पागलो की तरह चाटना शुरू कर दिया इस नज़ारे को देखते देखते गीता की चूत ने ढेर सारा पानी छोड़ दिया और उसके पैर खड़े खड़े काँपने लगे और वह बुरी तरह इस्खलित हो गई. इधर अजय ने भी अपने लंड से ढेर सारा जूस छ्चोड़ दिया जिसे दोनो ननद भाभी पूरा का पूरा चाट गई.

इस तरह एक जोरदार चुदाई करके तीनो नंगे होकर एक दूसरे से चिपक कर बेड पर लेट गये, और गीता लंबी लंबी साँसे लेती हुई अपने बेड पर आकर धम्म से गिर गई.

रोज की तरह सुबह सुबह सभी लोग बैठ कर चाइ पी रहे थे, रश्मि बिल्कुल नॉर्मल लग रही

थी और काफ़ी खुश नज़र आ रही थी, अजय और आरती दोनो अंदर से थोड़े व्याकुल थे लेकिन

नॉर्मल होने का दिखावा कर रहे थे, जबकि गीता का चेहरा काफ़ी तनाव से भरा था और

वह अजय,

आरती और रश्मि के चेहरो पर कुछ खोजने की कोशिश कर रही थी, अजय और आरती,

गीता की व्याकुलता को भली भाती समझ रहे थे लेकिन दोनो मे से कोई भी कुच्छ कहना नही

चाह रहा था, तभी रश्मि ने गीता से पुछा मा आज क्या खाना बनाना है, गीता तेरी

भाभी और तू दोनो मिलकर डिसाइड कर लो और इतना कह कर चुप हो गई,

क्रमशः......................


rajaarkey
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Re: तीन घोड़िया एक घुड़सवार

Unread post by rajaarkey » 03 Nov 2014 01:32

Teen Ghodiya Ek Ghudsawaar--8

gataank se aage...................

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